फरीदाबाद। हरियाणा की सैनी सरकार ने फरीदाबाद के राजा नाहर सिंह क्रिकेट स्टेडियम को दोबारा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चमकाने की तैयारी शुरू कर दी है। लंबे समय से अधर में लटके स्टेडियम के अधूरे निर्माण को अब पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल के तहत पूरा कराया जाएगा। इसके लिए सरकार ने निजी एजेंसियों से बातचीत शुरू कर दी है और जल्द ही काम शुरू होने की संभावना है।
स्टेडियम को निजी एजेंसी करेंगी तैयार
यह घोषणा हरियाणा अर्बन लोकल बॉडी, राजस्व व एविएशन मंत्री विपुल गोयल एक कार्यक्रम के दौरान की, जिसमें उन्होंने कहा कि स्टेडियम को पुनर्जीवित कर शहर को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल मानचित्र पर लाया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह स्टेडियम न केवल खेलों को बढ़ावा देगा, बल्कि फरीदाबाद को आर्थिक और सामाजिक रूप से भी मजबूती देगा। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा है कि स्टेडियम साल भर एक्टिव रहे, जिसमें आईपीएल, इंटरनेशनल क्रिकेट और अन्य बड़े टूर्नामेंटों का आयोजन किया जाए। गोयल ने बताया कि स्टेडियम को निजी एजेंसी द्वारा तैयार किया जाएगा, जो वहां खेल आयोजनों से आमदनी भी करेगी और सरकार को रेवेन्यू भी देगी। इससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

राजा नाहर सिंह स्टेडियम का इतिहास
करीब 20 एकड़ में यह स्टेडियम फैला है और 1981 में इसको बनाया गया था। इसमें 25 हजार दर्शकों के बैठने की क्षमता है। लेकिन बीते 37 वर्षों में सिर्फ 8 इंटरनेशनल मैच ही इसमें खेले जा सके। जनवरी 2019 में नगर निगम ने इसे फिर से बनाने की योजना बनाई थी। 135 करोड़ रुपये का एस्टिमेट तैयार हुआ, जिसमें सरकार ने 115 करोड़ की मंजूरी दी। निर्माण कार्य शुरू भी हुआ, लेकिन 2020 में काम पूरी तरह रुक गया। स्टेडियम का डिज़ाइन सिडनी क्रिकेट ग्राउंड की तर्ज पर तैयार किया गया था, जिसे एक प्राइवेट एजेंसी से बनवाया गया था।

स्टेडियम को एफएमडीए ने किया टेकओव
फिलहाल स्टेडियम को अब फरीदाबाद मेट्रोपॉलिटन डिवेलपमेंट अथॉरिटी (एफएमडीए) ने टेकओवर कर लिया है। एफएमडीए ने 292 करोड़ रुपये का नया प्रोजेक्ट तैयार कर पास कराया है, लेकिन उस पर भी अंतिम निर्णय लंबित है। अब नई सरकार के आने के बाद इसे पीपीपी मॉडल के तहत दोबारा शुरू करने की तैयारी है। सूत्रों की मानें तो इस साल के अंत तक इसका काम फिर से शुरू हो सकता है, जिससे न केवल खेल गतिविधियां तेज होंगी, बल्कि फरीदाबाद को एक नई पहचान भी मिलेगी।


